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देश में बंद होने जा रहे हैं यह सरकारी बैंक, आप भी चेक कीजिए अपना अकाउंट फटाफट

हिन्द न्यूज़ डेस्क। अभी हाल ही में मोदी सरकार ने एसबीआई में 6 बैंकों के सफल मर्जर के बाद अब देश के दूसरे प्रमुख बैंकों के मर्जर की तैयारी कर रही है. बता दे कि अब अगला नंबर पंजाब नेशनल बैंक का हो सकता है. जिसमें दो से तीन बैंकों का मर्जर किया जा सकता है.इसके लिए फाइनेंस मिनिस्ट्री, और आरबीआई के बीच हाई लेवल मीटिंग भी की जा चुकी है. सरकार की प्लानिंग है कि पब्लिक सेक्टर बैंकों का मर्जर कर देश में 4-5 बड़े पब्लिक सेक्टर बैंक खड़े किए जाएं.


बता दे कि एसबीआई मर्जर पहले देश में 27 पब्लिक सेक्टर बैंक थे. जो अब घटकर 21 रह गए हैं. सरकार ज्यादा से ज्यादा पब्लिक सेक्टर बैंक का विलय देश में बड़े बैंक में करना चाहती हैं. जो कि ग्लोबल लेवल पर कंप्टीशन दे सके. सा थ ही वह यह नहीं चाहती पब्लिक सेक्टर आपस में ही कंप्टीशन करें. जिससे उनकी एनर्जी बेकार जाए.

वहीं सूत्रों के मुताबिक फाइनेंस मिनिस्ट्री जल्द ही नए बैंकों के मर्जर का खाका पेश कर सकती हैं. जिसमें सबसे ज्यादा फोकस पंजाब नेशनल बैंक पर है. अधिकारी के अनुसार इसके तहत बैंक में पंजाब एंड सिंध बैंक सहित दूसरे प्रमुख बैंकों के मर्जर की संभावना तलाशी जा रही है. फाइनेंस मिनिस्ट्री की कोशिश है कि उत्तर भारत के राज्यों में पहुंच रखने वाले बैंकों का पंजाब नेशनल बैंक में मर्जर कर दिया जाए.

इसके तहत ओरिएंटल बैंक ऑफ कॉमर्स को भी पंजाब नेशनल बैंक में विलय करने की संभावना तलाशी जा रही है.बताते चले कि पंजाब नेशनल बैंक की इस समय 7000 से ज्यादा ब्रांचेज हैं. जबकि अगर पंजाब एंड सिंध बैंक और ओरिएंटल बैंक ऑफ कॉमर्स का विलय होता है, तो 10 हजार से ज्यादा ब्रांचेज विलय के बाद पंजाब नेशनल बैंक की हो जाएंगी.

एसबीआई में उसके एसोसिएट्स बैंक और महिला बैंक के विलय के बाद वह दुनिया के टॉप-50 बैंकों में शामिल हो गया है. जबकि पहले ऐसा नहीं था। साथ ही इस तरह के मर्जर का फायदा यह होता है, कि छोटे बैंक के कस्टमर भी बेहतर सर्विस और प्रोडक्ट ले पाते हैं.

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