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बिजली बिल आएगा आधा, मीटर रीडिंग कम करने का आसान तरीका

बिजली बिल आएगा आधा, मीटर रीडिंग कम करने का आसान तरीका

जबलपुर. विद्युत नियामक आयोग के स्पष्ट निर्देश हैं कि उपभोक्ताओं को केवल 30 दिन का ही बिजली बिल दिया जाए। इसके बाद भी मीटर रीडिंग करने वाली ठेका कम्पनी के कर्मचारी मनमानी कर रहे हैं। इससे बिजली उपभोक्ताओं को अधिक बिल का भुगतान करना पड़ रहा है। कई बार शिकायत के बाद भी पूर्व क्षेत्र विद्युत वितरण कम्पनी के अधिकारी इस ओर ध्यान नहीं दे रहे हैं। वहीं उपभोक्ता यदि चाहते हैं कि उनका बिल कम आए तो रीडिंग करने वालों को समय पर बुलवाएं या कार्यालय जाकर इसकी शिकायत करें।

ये है नियम
नियमा के अनुसार उपभोक्ता के मीटर की रीडिंग में देरी होने पर बिल को संशोधित कर उसे तीस दिन का ही बिल भेजना चाहिए। शेष खपत अगले माह के बिल में जोडऩा चाहिए। लेकिन, ऐसा नहीं हो रहा है।
घरेलू कनेक्शन वाले उपभोक्ता
शहर में उपभोक्ता : 3.12 लाख 
देहात में उपभोक्ता : 1.65 लाख

वर्तमान टैरिफ प्लान
यूनिट राशि प्रति यूनिट रुपए फिक्स चार्ज
0 से 30 यूनिट 3.10 00
0 से 50 यूनिट 3.85-50 रुपए शहर 35 रुपए ग्रामीण
51 से 100 यूनिट 4.70-90 रुपए शहर 65 रुपए ग्रामीण
101 से 300 यूनिटों 6.00-20 रुपए शहर 17 रुपए ग्रामीण
केस-1 बढ़ गया स्लैब 
स्थान : अधारताल उपभोक्ता : आदित्य श्रीवास्तव
विवरण : एक माह की जगह तीन दिन बाद मीटर रीडिंग होने से बिजली खपत 100 यूनिट के स्लैब से निकलकर 101 के स्लैब में पहुंच गई। इससे उन्हें अधिक बिजली बिल जमा करना पड़ा
केस-2
38वें दिन रीडिंग 
स्थान : गौर
उपभोक्ता : दिनेश काछी
विवरण : 30 दिन के अंतराल में होने वाली रीडिंग 38वें दिन हुई। इससे उपभोक्ता का स्लैब बदल गया। इससे उन्हें भी अधिक बिल चुकाना पड़ा।
बिजली की खपत
सामान्य घरो में : 70 से 90 यूनिट प्रति माह
पंखा, फ्रिज, टीवी, मिक्सर आदि का उपयोग करने वाले वाले घरों में : 150 से 200 यूनिट प्रतिमाह
एक एसी, फ्रिज व हीटर वाले घर : 210 यूनिट से अधिक प्रतिमाह

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